jammu kashmir

नई दिल्ली। गृह मंत्रालय ने लोकसभा में एक सवाल के जवाब में कहा कि जम्मू-कश्मीर में पत्थरबाजी की घटनाओं में कमी आई है और स्थिति में सुधार हो रहा है। गृह मंत्रालय ने अपनी रिपोर्ट में कहा कि जम्मू-कश्मीर में पत्थरबाजी की घटनाएं 2017 में 964 तक घटकर 664 हो गई हैं, जो 2016 में 2808 थीं।

इसमें यह भी कहा गया है कि जम्मू और कश्मीर में आतंकवादियों द्वारा हिंसा की घटनाएं 2017 (9 जुलाई तक) में 172 रहीं, 2016 में ये 322 से ज्यादा थी। जम्मू-कश्मीर में गई जानों की जानकारी देते हुए रिपोर्ट में बताया गया कि 2017 में (9 जुलाई तक) 12 नागरिक, 38 सुरक्षा कर्मियों की जान गई है। जम्मू-कश्मीर में 95 आतंकवादी मारे गए।

हिजबुल मुजाहिद्दीन के शीर्ष कमांडर बुरहान मुजफ्फर वाणी की मौत के बाद पिछले साल कश्मीर घाटी में हिंसा भड़क उठी। उसकी मौत के बाद, कश्मीर के विभिन्न जिलों में विरोध प्रदर्शन किया गया।घाटी में भारत-विरोधी प्रदर्शन बढ़ रहा था और बड़ी संख्या में पत्थरबाजी की घटनाओं की सूचना मिली थी। राज्य 53 दिनों के लिए पूरी तरह से अराजकता की स्थिती में था।

2017 में ये मामले फिर शुरू हुए जब एक सेना के जवान ने पत्थरबाजों से खुद को बचाने के लिए अपनी जीप से एक पत्थरबाज को ढाल के रुप में बांधा था।

 

Adv from Sponsors