यूपीए सरकार में गृह मंत्री-वित्त मंत्री रहे , वर्तमान में राज्यसभा सदस्य कांग्रेस के वरिष्ठ नेता पी. चिदंबरम को आईएनएक्स मीडिया भ्रष्टाचार मामले में सीबीआई हिरासत खत्म होने के बाद 14 दिनों की न्यायिक हिरासत में गुरुवार शाम तिहाड़ जेल भेजा गया. चिदंबरम को उच्च सुरक्षा के बीच राउज एवेन्यू कोर्ट से एशिया की सबसे बड़ी जेल में लाया गया. चिदंबरम दिल्ली स्थित तिहाड़ के जेल नंबर 7, वार्ड नंबर 2 और सेल नंबर 15 में 19 सितंबर रहेंगे. यह परिसर की अन्य जेलों की तुलना में सुरक्षित माना जाता है.

जेल अधिकारियों के अनुसार उन्हें एक अलग कोठरी और पश्चिमी शैली के एक शौचालय के अलावा कोई विशेष सुविधा नहीं मिली. अन्य कैदियों की तरह वह जेल के पुस्तकालय का उपयोग कर सकेंगे और एक निश्चित अवधि तक टेलीविजन देख सकते हैं. आवश्यक मेडिकल जांच के बाद चिदंबरम को जेल नंबर सात में रखा गया है.

आम तौर पर प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) के मामलों में आरोपियों को इसी जेल में रखा जाता है. उनके पुत्र कार्ति को भी पिछले साल इसी मामले में उसी कोठरी में 12 दिनों तक रखा गया था. सूत्रों ने बताया कि जेल में उन्होंने हल्का भोजन किया और दवाईयां लीं. अगस्ता वेस्टलैंड और बैंक धोखाधड़ी मामले में मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री कमलनाथ के भांजे रतुल पुरी भी इसी जेल में कैद हैं.

जेल के एक अधिकारी ने कहा कि आम तौर पर रात का खाना सात से आठ बजे के बीच कैदियों को दे दिया जाता है लेकिन यह उन लोगों के लिए अलग रखा जाता है जो अदालती प्रक्रियाओं के कारण देर से पहुंचते हैं. सामान्यतया रात के खाने में रोटियां, दाल, सब्जी और चावल होता है. उन्होंने बताया कि चिदंबरम को कोठरी में रात नौ बजे से सुबह छह बजे तक रखा जाएगा.

सुबह सात से आठ बजे के बीच नाश्ता दिया जाएगा. अधिकारी ने कहा कि वह या तो आरओ मशीन से पानी पी सकते हैं या कैंटीन से पानी की बोतल खरीद सकते हैं.

यूपीए सरकार में गृह मंत्री रहे चिदंबरम को आईएनएक्स मीडिया भ्रष्टाचार मामले में 14 दिनों की न्यायिक हिरासत में तिहाड़ भेजा गया है. अधिकारियों को चिदंबरम को अदालत से जेल लाने में लगभग 35 मिनट लगे. चिदंबरम को जेल लाए जाने के दौरान मीडिया ने वैन का पीछा किया जिसके बाद जेल अधिकारियों ने कागजों से उनका चेहरा छिपाने का प्रयास किया.

उन्हें जेल के गेट नंबर चार से अंदर ले जाया गया. उनका बेटा कार्ति और वकील जेल के बाहर दिखाई दिए. एक जेल अधिकारी ने कहा कि उन्हें एक अलग कोठरी दी जा रही है और वह पश्चिमी शैली के शौचालय का इस्तेमाल कर सकते हैं, जैसा कोर्ट ने निर्देश दिया है.

पूर्व वित्त मंत्री पी. चिदंबरम के वकील कपिल सिब्बल, अभिषेक मनु सिंघवी की तरफ से लगातार कोशिश की जा रही थी कि पूर्व वित्त मंत्री तिहाड़ ना जाएं. लेकिन कोर्ट में ये दलीलें नहीं चल पाईं और अदालत ने पूर्व वित्त मंत्री को सीबीआई हिरासत में नहीं भेजा और 19 सितंबर तक तिहाड़ में भेज दिया.

सीबीआई इसी माह कर सकती है आरोप पत्र दाखिल

आईएनएक्स मीडिया भ्रष्टाचार मामले में पूर्व वित्त मंत्री पी चिदंबरम के खिलाफ सीबीआई इसी महीने आरोप पत्र दाखिल कर सकती है. गौरतलब है कि सीबीआई ने चिदंबरम को यहां की एक अदालत द्वारा न्यायिक हिरासत में भेजे जाने से पहले दो हफ्ते तक अपनी (सीबीआई की) हिरासत में रखा था और उनसे पूछताछ की. यह मामला उनके वित्त मंत्री पद पर रहने के दौरान कथित तौर पर नियमों का उल्लंघन कर कंपनी को 305 करोड़ रुपए के विदेशी निवेश को मंजूरी देने के आरोप से जुड़ा है.

सूत्रों ने बताया कि जांच एजेंसी इस मामले में इसी माह आरोप पत्र दाखिल करने पर विचार कर रही है. वह मामले की जांच जारी रखेगी. पूर्व वित्त मंत्री से 14 दिन में करीब 90 घंटे तक चली पूछताछ में कम से कम 425 प्रश्न पूछे गए थे. चिदंबरम को वित्त मंत्रालय के पूर्व अतिरिक्त सचिव सिंधूश्री खुल्लर और निदेशक प्रबोध सक्सेना के सामने बैठा कर भी पूछताछ की गई.

राज्यसभा सदस्य चिदंबरम को 21 अगस्त को गिरफ्तार किया गया था। सीबीआई ने आईएनएक्स मीडिया को दी गई विदेशी निवेश संवर्द्धन बोर्ड (एफआईपीबी) मंजूरी में कथित अनियमितता के सिलसिले में 15 मई 2017 को एक प्राथमिकी दर्ज की थी। उस वक्त चिदंबरम वित्त मंत्री के पद पर थे.