कश्मीर टाइम्स के कार्यकारी संपादक ने उच्चतम न्यायालय में कहा कि अनुच्छेद 370 हटाए जाने के एक महीने बाद भी पत्रकारों को जम्मू कश्मीर में निर्बाध आवागमन की अनुमति नहीं है। कश्मीर टाइम्स के संपादक की याचिका पर केंद्र ने उच्चतम न्यायालय को बताया कि श्रीनगर से बड़ी संख्या में अखबार प्रकाशित हो रहे हैं। सॉलिसिटर जनरल तुषार मेहता ने उच्चतम न्यायालय में कहा कि कश्मीर टाइम्स के संपादक ने अपना अखबार प्रकाशित नहीं किया।

अटॉर्नी जनरल के के वेणुगोपाल ने उच्चतम न्यायालय में कहा कि जम्मू कश्मीर में पाबंदियों में चरणबद्ध तरीके से ढील दी जा रही है। उच्चतम न्यायालय ने जम्मू कश्मीर में कथित संचार अवरोध पर कश्मीर टाइम्स के संपादक तथा अन्य की याचिकाओं पर सुनवाई के लिए 16 सितंबर का दिन तय किया।

इससे पहले सुप्रीम कोर्ट ने महबूबा मुफ्ती की बेटी इल्तिजा की याचिका पर सुनवाई करते हुए उन्हें श्रीनगर जाने और मां से मिलने की इजाजत दी। इसके अलावा सीताराम येचुरी की याचिका पर सुनवाई करते हुए भी कोर्ट ने सीपीआई(एम) नेता तारीगामी को श्रीनगर से बेहतर इलाज के लिए दिल्ली एम्स लाने का आदेश दिया।