भाजपा के महासचिव राम माधव ने जम्मू-कश्मीर में विधानसभा भंग होते ही राज्य में सरकार बनाने के लिए एकता के सूत्र में बंधे हुए पीडीपी, नेशनल कांफ्रेंस और कांग्रेस पर निशाना साधते हुए कहा कि इनको कहीं और से नहीं बल्कि, पाकिस्तान से आदेश मिले होंगे. सरकार बनाने के लिए, इसलिए ये इतने प्रेरित है.
वहीं, माधव ने इन तीनों दलों पर निशाना साधते हुए ये भी कहा कि जम्मू-कश्मीर में गत दिनों हुए पंचायत चुनाव का बहिष्कार भी इन लोगों ने पाकिस्तान के इशारे पर ही किया था. इनको वहां से आदेश दिया गया कि आप लोग चुनाव का बहिष्कार करें, जिसके नतीजतन इन लोगों ने चुनाव का बहिष्कार किया.
माधव के इस बयान के बाद उमर अब्दूल्ला ने उनपर पलटवार करते हुए कहा कि आप अपने इस आरोप को साबित करके दिखाए कि हमें पाकिस्तान से आदेश मिला था कि हम प्रदेश में नई सरकार का गठन करें या फिर हम पंचायत चुनाव का बहिष्कार करें.
आपके पास तो रॉ है, एएनआई है, तमाम जांच एंजेसी है. करीए आप अपने इन आरोपों को साबित करके दिखाइए. मान जाएंगे कि आपने बिल्कुल सही कहा था.
गौरतलब है कि गत मंगलवार को प्रदेश में कांग्रेस, नेशनल कांफ्रेंस और पीडीपी ने प्रदेश में नई सरकार बनाने का फैसला किया था जिसके एवज में भाजपा के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष राम माधव का ये बयान आया है.
मीडिया से बातचीत के दौरान प्रदेश के राज्यपाल के सत्यपाल मलिक ने इस बात को उजागर करते हुए कहा कि आखिर हमने क्यों प्रदेश में विधानसभा को भंग कर दिया था.
वहीं, राज्य के पूर्व मुख्यमंत्री ने ट्वीट करके कहा कि हमने सोचा था कि मैंने सबकुछ देख लिया है. मैं उमर अब्दुल्ला और अंबिका सोनी का तहेदिल से अभार व्यक्त करती हूं, जिन्होंने असंभव दिखने वाली चीज को संभव में तब्दील करने में हमारी सहायता किया है.