पुणे: महाराष्ट्र में तेज़ बारिश का तांडव जारी है। पिछले तीन दिनों से हो रही मूसलाधार बारिश से लोनावला सहित मावल का जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया है। शनिवार की शाम से रविवार की दोपहर तक लोनावला सहित मावल में हुई जोरदार बारिश से पूरा मावल जलमग्न हो गया। लोगों का जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया। मावल की सभी नदियों व नाले में आई बाढ़ से मावल की सभी पुल पानी के नीचे चली गई हैं। इससे सैकड़ों गांवों से संपर्क टूट गया है। जबकि खंडाला घाट के मंकी हिल के रेल ट्रैक पर चट्टान के टूकड़े गिरने से शनिवार रात से ही पुणे-मुंबई रेलवे सेवा ठप हो गई है।

लोनावला के हनुमान टेकड़ी स्थित झोपड़पट्टी की एक घर ढह जाने की घटना में एक 10 वर्षीय लड़के की मौत हो गई। इस घटना में उसके पिता और बहन जख्मी हो गए। पवना डैम से 20 हजार क्यूसेक पानी छोड़ने से पवना नदी सहित सभी पुल पानी के नीचे चले गए। पवना नदी के मुहाने पर बसे कोथुर्णे गांव के एक बंगले में आठ लोगों के साथ कामशेत के पास नाणे में बाढ़ में फंसे छह भैसों व छह गायों को एनडीआरएफ व लोनावला की आपातकालीन टीम ने सकुशल बाहर निकाला। लोनावला शहर में पिछले 24 घंटों में जोरदार बारिश के बाद 384 मिमी बारिश दर्ज की गई। बारिश का यह दौर रविवार को भी कायम रहने से जनजीवन अस्त-व्यस्त रहा।

शहर में लगातार जारी बारिश से सभी ओर पानी-पानी हो गया है। सभी बांधों से नदी में पानी छोड़ने से शहर के कई हिस्सों में पानी जमा होने की संभावना है। संभावित बाढ़ की स्थिति देखते हुए स्थिति से निबटने सभी उपायों के साथ सतर्क रहने का आदेश मनपा के सभी विभागों को दिया गया है।

शहर को पानी सप्लाई करने वाले खड़कवासला बांध प्रोजेक्ट के सभी बांध पूरे भर गए हैं। इसलिए मुठा नदी में लगातार पानी छोड़ा जा रहा है। दूसरी ओर मुलशी और पवना बांध में से भी पानी पवना और मुला नदी में छोड़ा जा रहा है। जिससे मुला-मुठा नदी में बाढ़ जैसी स्थिति पैदा हो गई है।

शहर परिसर और बांधों के परिसर में अब भी बारिश जोर से जारी होने से बांधों में और पानी छोड़े जाने का अनुमान है। मनपा के उपायुक्त सुनील इंदलकर ने सभी वार्ड ऑफिसर्स को सतर्क रहने को कहा है। संभावित बाढ़ स्थिति को देखते हुए नदी और नालों के किनारे रहने वाले नागरिकों को सुरक्षित स्थानों पर स्थानांतरित करना होगा तो नजदीक के मनपा स्कूलों व अन्य स्थानों का चयन कर सुविधाएं उपलब्ध करानी होगी।

उसके लिए सभी विभागों की सिस्टम से समन्वय रखकर अगले 24 घंटे कार्यालय शुरू करने तथा सभी अधिकारी व कर्मचारियों को मुख्यालय और कार्यालय नहीं छोड़ने का आदेश देने को कहा गया है।